सन्धि डायोड का अभिलक्षणिक V -i वक्र #8211; अग्र-अभिनति वोल्टता के बढ़ने से वैद्युत धारा तेजी से बढ़ती है, यह वृद्धि लगभग चरधाताँकी होती है। उत्क्रम अभिनति के काफी बड़े परास में (उत्क्रम) धारा का मान बहुत कम रहता है तथा वायस वोल्टता के बढ़ने पर धारा में वृद्धि बहुत कम होती है।
answered Jul 23, 2023 at 23:30